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Monday, October 29, 2012

माँ


रात भर कल,
खोजता रहा नींद को ...
.
और वो छुपी बैठी थी,
माँ तेरी गोद में||



Thursday, October 25, 2012

वक्त


बेटा!
क्यों घर नहीं आता ?

पापा!
वक्त नहीं मिलता|

बेटा!
कुछ वक्त बचाया था,
अपने बुढापे के लिए,
ज़रूरत हो तो ले जाना'
यहाँ बेमतलब रखा है|


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